#51 स्वागत (welcome) 2020
Happy New year 2020

#51 स्वागत (welcome) 2020

साल का दिन आखिरी था,
खयालों में खो के बिताया है,
जो साल भर संग हुआ,
सोंचा क्या खोया क्या पाया है।

अभी कुछ पलों के बाद,
ईशवी सन नया आयेगा,
दिन तीन सौ पैसठ,
इसी इंतजार में बिताया है।

नई सुबह जो आएगी,
साल नया ले आएगी,
बीत गया दो हजार उन्नीस,
दो हजार बीस अब आया है।

जो बीता है सुख भरा,
नया भी खुशियां ही लाएगा,
लड किस्तम की लकीरों से,
हर पल नया मुकाम पाया है ।

एक बार फिर नये के इन्तजार में,
दिन तीन सौ छाछठ बिताऊंगा,
हर दिन हर पल अब तक जैसे,
जीत मौज में बिताया है ।

 


–>सम्पूर्ण कविता सूची<–


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नये वर्ष 2020 का गर्मजोशी के स्वागत

इस हिन्दी कविता के माध्यम से नये साल का स्वागत बडी ही गर्मजोशी के साथ करनें का प्रयास किया गया है । पुराने वर्ष की यादों को संजोते हुए एवं वीते समय में मिले दुःखों को दर किनार करते हुए नए वर्ष में सुख की असीम अनुकम्पा के साथ आश रखे हुए स्वागत है ।


HAPPY NEW YEAR 2020

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Warm Weocome 2020

Hindi poem on New year 2020, it is a hindi poem expressing the thoughts about the passing year 2019 and new year 2020. A warm welcome to 2020

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jk namdeo

मैं समझ से परे। एकान्त वासी, अनुरागी, ऐकाकी जीवन, जिज्ञासी, मैं समझ से परे। दूजों संग संकोची, पर विश्वासी, कटु वचन संग, मृदुभाषी, मैं समझ से परे। भोगी विलासी, इक सन्यासी, परहित की रखता, इक मंसा सी मैं समझ से परे।