#44-हिन्दी में भी जीवन दिखता है

हिन्दी और जीवन हिन्दी कविता hindi life

वर्तमान जो मैं अगर देखूँ ,
तो हिंदी में भी जीवन दिखता है,
भविष्य को सोचता हुँ  जानो,
पश्चिम का आगम दिखता है,
यूँ दिखती है हिंदी गर्त में आगे,
बहन भी इससे ऊँची दिखती,
राजनीतिक स्तर  अब तय कर रहा,
देख हिंदी सुबकती-सुसकती,
झांक कर देखो अपना भूत ऐ दोस्तों,
भाषा विकास क्रम दिखता है,
जाने किस दिशा में यूँ विकास क्रम चल रहा,
निश्चित उज्जवल भविष्य में अंधकार दिखता है,
वर्तमान जो मैं अगर देखूँ ,
तो हिंदी में भी जीवन दिखता है।

 


सम्पूर्ण कविता सूची


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Bakhani, मेरे दिल की आवाज – मेरी कलम collection of Hindi Kavita

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Bakhani hindi kavita मेरे दिल की आवाज मेरी कलम

हिन्दी और जीवन पर आधारित यह हिन्दी कविता भारतीय समाज के लिए एक प्रतिविम्ब होने का प्रयास है।

हिन्दी भाषी बहुलता वाले समाज के निहित देश में हिन्दी भाषा और जीवन की व्यथा-

इस हिन्दी कविता के माध्यम से हिन्दी की दशा को दर्शाने का प्रयास किया गया है। भारत देश अनेकता में एकता का प्रतीक है। जन समुदाय व क्षेत्र के विषय में कहा गया है यहाँ खेत खेत में माटी बदले 4 कोश में पानी, कोई कुछ न कह सके जाने कब बदल जाए बानी । 

Hindi and Life

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