#38-तो गुस्सा आता है
बडी बडी बातें करनें वालों की बात आगर करता हूँ,तो गुस्सा आता है।देश का किसान हर पल झूल रहा है,जवान शरहद पर जूझ रहा है,इत भीतर बैठ गर कोई अफशोष…
बडी बडी बातें करनें वालों की बात आगर करता हूँ,तो गुस्सा आता है।देश का किसान हर पल झूल रहा है,जवान शरहद पर जूझ रहा है,इत भीतर बैठ गर कोई अफशोष…
राज की जो राजनीति करेगा, वह ज्यादा टिक न पाएगा। आखिर लकडी की हांडी को, कब तक भटठी चढाएगा,दूध से जो जला इस जग में, मट्ठा फूंक कर पीता है,जनता…
बेरोजगारी का यह आलम, दुनिया का हर कोना है,पढो लिखो फिर दर दर भटको युवाओं का यह रोना है ।राजस्व वसूली अच्छी खासी सिस्टम में यह चूक है,रोजगार स्वरोजगार छलावा…
कहते हैं कहने वाले कि, जीवन को संघर्ष न मानो, बहुत कुछ कर सकते हो, तुम अपने को पहचानो,पहचानूं भला कैसे अपने को, कुछ सुझाया नहीं मुझे,क्या क्या कर सकता…
there is some problem . problem will resolve soon.